घरेलू स्टील विनिर्माताओं ने हॉट रोल्ड कॉयल (एचआरसी) और कोल्ड रोल्ड कॉयल (सीआरसी) की कीमतों में क्रमश: 4,000 रुपये और 4,500 रुपये प्रति टन की वृद्धि की। उद्योग सूत्रों ने बताया कि अब एक टन एचआरसी 67,000 रुपये में, जबकि एक टन सीआरसी 80,000 रुपये में मिलेगी। उन्होंने कहा कि पिछले तीन दिनों में कीमतों में संशोधन किया गया है।



सूत्रों के मुताबिक एचआरसी और सीआरसी की कीमतों में 2,000 से 4,000 रुपये प्रति टन की और बढ़ोतरी की जा सकती है। यह बढ़ोतरी मई के मध्य में या जून की शुरुआत में हो सकती है। एचआरसी और सीआरसी वाहन, अप्लाइंसेज और निर्माण जैसे उपभोक्ता अनुकूल क्षेत्रों में इस्तेमाल किए जाने वाले फ्लैट स्टील हैं। एक विशेषज्ञ ने कहा कि स्टील की कीमतों में वृद्धि से वाहनों और उपभोक्ता वस्तुओं की कीमतों पर असर पड़ना तय है, क्योंकि स्टील का इन क्षेत्रों में कच्चे माल के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है।


संपर्क किए जाने पर सेल के एक अधिकारी ने कहा कि यह बाजार से प्रेरित है और इसके आगे कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। वहीं, जेएसडब्ल्यू ने टिप्पणी करने से इनकार कर दिया, एएमएनएस इंडिया और जेएसपीएल ने कीमत वृद्धि के कारण से जुड़े सवाल का जवाब नहीं दिया।

टाटा स्टील को चौथी तिमाही में 7,162 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ

टाटा स्टील को वित्त वर्ष 2020-21 की चौथी तिमाही जनवरी-मार्च में 7,161.91 करोड़ रुपये का एकीकृत शुद्ध लाभ हुआ। मुख्य रूप से आय बढ़ने से कंपनी का लाभ बढ़ा( टाटा स्टील ने बुधवार को बीएसई को दी सूचना में कहा कि एक साल पहले 2019-20 की इसी तिमाही में कंपनी को 1,615.35 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था। कंपनी की कुल आय मार्च 2021 को समाप्त तिमाही में उछलकर 50,249.59 करोड़ रुपये रही जो एक साल पहले 2019-20 की इसी तिमाही में 37,322.68 करोड़ रुपये थी।


टाटा स्टील का कुल खर्च आलोच्य तिमाही में बढ़कर 40,052 करोड़ रुपये रुपये रहा जो एक साल पहले 2019-20 की चौथी तिमाही में 35,432.42 करोड़ रुपये था।  एकल आधार पर टाटा स्टील का शुद्ध लाभ 2020-21 की जनवरी-मार्च तिमाही में 6,593.54 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले 2019-20 की इसी तिमाही में कंपनी को 436.83 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था।  कंपनी की कुल आय आलोच्य तिमाही में बढ़कर 21,392.34 करोड़ रुपये रही जो एक साल पहले 2019-20 की चौथी तिमाही में 14,182.79 करोड़ रुपये थी। टाटा स्टील के निदेशक मंडल ने 2020-21 के लिये 10 रुपये के पूर्ण चुकता शेयर पर 25 रुपये का लाभांश देने की सिफारिश की है। लाभांश भुगतान शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर है। कंपनी की सालाना आम बैठक 30 जून, 2021 को होगी।